Shoot me…I’m an upper caste!
असामनाता और जातिय आरक्षण से उपज रहा है आक्रोश जरुरत मंदों के लिये शुरु किये जातिय आरक्षण का लाभ सक्षम लोगों के मिल रहा है । अभी पिछडे वर्ग के लिये क्रिमी लेयर की सीमा बढाकर दस लाख करने का प्रावधान सरकार करने जा रही है । जो वाकई वंचित है उन्हें आरक्षण मिले किसी को दिक्कत नही है लेकिन जब अमीर लोगों के बच्चों को आरक्षण का लाभ मिलता है तो निशचय हीं तकलीफ़ होगी । यहां कुछ नौजवानों का दर्द हम दे रहे हैं । बिहार मीडिया का भी मानना है कि आरक्षण का लाभ उठा चुके क्लर्क स्तर के भी कर्मचारी के बच्चों को इसका फ़ायदा नही मिलना चाहिये । यह स्थिति अफ़्रिका के रंगभेद की तरह है , बस भारत में रंगभेद की जगह जातिभेद है । अगर इसे नही रोका गया तो देश को टूटने से बचाना मुश्किल होगा । यहां एक नौजवान के दिल का दर्द हम प्रकाशित कर रहे हैं और साथ में प्रतिक्रिया भी It finally reached its crescendo at a recent ‘reservation’ and ‘no reservation’ debate around me. I heard a passionate colleague talking about reservation for Muslims and how the SCs and the STs of the country had it better than them. Another vo...